नैनीताल। मुक्तेश्वर में सालियाकोट गांव में उस वक्त लोगों में हड़कंप मच गया, जब एक कॉटेज में भीषण हादसा लग गया। देखते ही देखते आग ने भीषण रूप ले लिया। स्थानीय लोगों ने आग पर काबू पाने की कोशिश की लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली। जिसके बाद उन्होंने फायर ब्रिगेड को घटना की सूचना दी। सूचना पाकर मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने बमुश्किल काबू पाया। अग्निशमन अधिकारी देवेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि आग अनीता सूद के कॉटेज में लगी थी। आग पर काफी मशक्कत के बाद काबू पाया गया। प्रथम दृष्टया आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगने की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल आग लगने की घटना की जांच जारी है।
नैनीताल के मुक्तेश्वर के पास सालियाकोट गांव में बीती देर रात एक कॉटेज में आग लग गई। आग लगने से कॉटेज पूरी तरह जलकर खाक हो गया। स्थानीय लोगों ने कॉटेज में से धुआं निकलता देख, इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना पाकर मौके पर पहुंचे स्थानीय लोगों और पुलिस ने कॉटेज में जाकर देखा तो कमरे के अंदर भीषण आग लगी थी। जिसे बुझाने का स्थानी लोगों ने प्रयास किया, लेकिन आग इतनी विकराल थी कि आग पर काबू पानी मुश्किल हो गया। इसके बाद तत्काल सूचना नैनीताल और भीमताल में दमकल कर्मियों को दी गई। मौके पर पहुंची दमकल विभाग की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रत पाने का प्रयास किया, लेकिन कॉटेज लकड़ियों का बना था,जिसके चलते आग और विकराल हो गई। कई घंटों की मशक्कत के बाद दमकल कर्मियों ने आग पर काबू पाया। अग्निशमन अधिकारी देवेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि आग अनीता सूद के कॉटेज में लगी थी। भीमताल और नैनीताल यूनिट ने मिलकर आग को आसपास के आवासीय भवनों तक फैलने से रोक लिया। उन्होंने बताया कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई है। फिलहाल आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है। प्रथम दृष्टया आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगने की आशंका जताई जा रही है। दिसंबर 2025 को नैनीताल के मल्लीताल स्थित सरस्वती शिशु मंदिर की बिल्डिंग में भीषण आग लग गयी थी। भीषण आग लगने से स्कूल भवन का ऊपरी हिस्सा पूरी तरह जलकर राख हो गया था। आग इतनी विकराल थी कि आसपास के सभी घरों को खाली कराया गया था। इस दौरान प्रधानाचार्य जो स्कूल के ही एक कमरे में रहते थे, वो अपने दो बच्चों के साथ अंदर फंस गए थे. जिन्हें सकुशल रेस्क्यू कर लिया गया था। कॉटेज दिल्ली निवासी अनीता सूद का बताया जा रहा है, घटना के वक्त कॉटेज में कोई नहीं था।

