उत्तराखंड की राजधानी देहरादून स्थित प्रसिद्ध पृथ्वीनाथ महादेव मंदिर में अमरनाथ धाम जैसा अद्भुत और अलौकिक नजारा देखने को मिला। मंदिर परिसर में भगवान भोलेनाथ के 'बाबा बर्फानी' स्वरूप का भव्य शृंगार किया गया, जिसके दर्शनों के लिए देर रात तक श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा।
देवभूमि उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में भक्ति और आस्था का अनोखा संगम देखने को मिला। सहारनपुर चौक स्थित श्री पृथ्वीनाथ महादेव मंदिर में करीब 20 कुंतल बर्फ से बाबा अमरनाथ बर्फानी का भव्य स्वरूप तैयार किया गया। बर्फ से सजे भगवान पृथ्वीनाथ महादेव के दर्शन के लिए देर रात तक श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ती रही। मंदिर परिसर में हर-हर महादेव और बाबा बर्फानी के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। पृथ्वीनाथ महादेव मंदिर में युवा सेवा दल की ओर से बाबा अमरनाथ बर्फानी का विशेष शृंगार किया गया। इसके लिए बड़ी मात्रा में बर्फ मंगाई गई और मंदिर के गर्भगृह में भगवान शिव का आकर्षक स्वरूप तैयार किया गया। बर्फ से निर्मित शिवलिंग और बाबा अमरनाथ की झांकी श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रही। मंदिर में सुबह विधिवत पूजा-अर्चना और जलाभिषेक किया गया। इसके बाद शाम को बाबा बर्फानी का विशेष शृंगार शुरू हुआ। मंदिर के गर्भगृह में बर्फ से भगवान श्री पृथ्वीनाथ महादेव का स्वरूप तैयार होने के बाद सामूहिक शृंगार और आरती की गई। आरती के दौरान डमरू वंदना ने पूरे मंदिर परिसर को भक्तिमय कर दिया। डमरू की गूंज और शिव भजनों के बीच श्रद्धालुओं ने बाबा बर्फानी के दर्शन किए। भक्तों ने भगवान शिव से परिवार की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए शाम से ही मंदिर में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। जैसे-जैसे समय बढ़ा, मंदिर परिसर में भक्तों की भीड़ भी बढ़ती गई। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने कतार में लगकर बाबा बर्फानी के दर्शन किए। भक्तों के लिए यह आयोजन खास रहा, क्योंकि अमरनाथ धाम में बाबा बर्फानी के दर्शन की अनुभूति देहरादून में ही देखने को मिली। बर्फ से तैयार शिव स्वरूप को देखने के लिए बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग भी बड़ी संख्या में मंदिर पहुंचे। आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और व्यवस्था के विशेष इंतजाम किए गए। युवा सेवा दल के सदस्य मंदिर परिसर और आसपास के स्थानों पर तैनात रहे, ताकि दर्शन के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था न हो। मंदिर से जुड़े दिगंबर दिनेश पुरी ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए युवा सेवा दल के सदस्यों को अलग-अलग स्थानों पर तैनात किया गया था। आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं ने शांतिपूर्वक बाबा बर्फानी के दर्शन किए। बर्फ से सजे बाबा बर्फानी के अलौकिक स्वरूप ने देहरादून में शिवभक्ति का अलग ही रंग बिखेर दिया। देर रात तक मंदिर में श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही और पूरा परिसर भोलेनाथ के जयकारों से गूंजता रहा।

